जयपुर:- राजधानी जयपुर के चर्चित नीरजा मोदी स्कूल पर केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए स्कूल की मान्यता रद्द कर दी है। यह कदम स्कूल की एक छात्रा द्वारा कूदकर आत्महत्या किए जाने के मामले में लिया गया है। जांच में स्कूल प्रबंधन की गंभीर लापरवाही सामने आने के बाद CBSE ने यह सख्त फैसला किया।
छात्रा की आत्महत्या से मचा था हड़कंप
कुछ समय पूर्व नीरजा मोदी स्कूल की एक छात्रा ने स्कूल परिसर में ही कूदकर आत्महत्या कर ली थी। इस घटना ने पूरे जयपुर सहित राज्यभर में सनसनी फैला दी थी। छात्रा के परिजनों ने स्कूल प्रबंधन पर मानसिक दबाव, सुरक्षा में लापरवाही और संवेदनहीन रवैये के आरोप लगाए थे।
CBSE जांच में क्या आया सामने
घटना के बाद CBSE ने मामले की गहन जांच कराई। जांच रिपोर्ट में स्पष्ट हुआ कि स्कूल ने छात्र सुरक्षा से जुड़े अनिवार्य नियमों का पालन नहीं किया। स्कूल परिसर में पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम नहीं थे और छात्रों के मानसिक स्वास्थ्य के लिए आवश्यक काउंसलिंग व्यवस्था भी प्रभावी नहीं पाई गई। इसके अलावा, संकट की स्थिति में त्वरित हस्तक्षेप और निगरानी प्रणाली में भी गंभीर खामियां उजागर हुईं।
CBSE का सख्त बयान
CBSE ने अपने आधिकारिक बयान में कहा है कि छात्र सुरक्षा से जुड़े नियमों का उल्लंघन अत्यंत गंभीर विषय है। बोर्ड ने स्पष्ट किया कि किसी भी स्कूल को छात्रों की सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने की अनुमति नहीं दी जा सकती। ऐसे मामलों में संबंधित स्कूलों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
स्कूल की मान्यता रद्द
जांच में दोषी पाए जाने के बाद CBSE ने नीरजा मोदी स्कूल की मान्यता रद्द कर दी है। इस फैसले के बाद स्कूल के संचालन, प्रवेश प्रक्रिया और भविष्य को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। साथ ही यह कार्रवाई अन्य निजी स्कूलों के लिए भी कड़ा संदेश मानी जा रही है।
परिजनों को मिला न्याय का भरोसा
छात्रा के परिजनों का कहना है कि यह कार्रवाई उनके दर्द को पूरी तरह कम तो नहीं कर सकती, लेकिन इससे भविष्य में अन्य छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक मजबूत संदेश जरूर गया है।
आगे की कार्रवाई संभव
मामले के बाद शिक्षा विभाग और राज्य सरकार की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। संभावना है कि प्रदेश के अन्य निजी स्कूलों की सुरक्षा व्यवस्थाओं की भी समीक्षा की जाएगी। स्कूल प्रबंधन के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया भी जारी है।