नाना पाटेकर का निधन, 75 साल की उम्र में ली अंतिम सांस

दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर का निधन, 75 साल की उम्र में ली अंतिम सांस; PM मोदी समेत कई हस्तियों ने दी श्रद्धांजलि

Nana-Patekar

मुंबई/गोवा: भारतीय सिनेमा के दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर का 75 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। उन्होंने 8 अक्टूबर 2026 की सुबह गोवा स्थित अपने आवास पर अंतिम सांस ली। रिपोर्ट्स के मुताबिक, उन्हें कार्डियक अरेस्ट आया था। उन्हें तत्काल मणिपाल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने करीब 45 मिनट तक उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका।

नाना पाटेकर के निधन की खबर सामने आते ही हिंदी और मराठी फिल्म इंडस्ट्री के साथ-साथ राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र में भी शोक की लहर दौड़ गई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत कई प्रमुख हस्तियों ने सोशल मीडिया के जरिए अभिनेता को श्रद्धांजलि दी।

PM मोदी ने नाना पाटेकर को दी श्रद्धांजलि

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नाना पाटेकर के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए उनके अभिनय की विशिष्टता और प्रभाव को याद किया। पीएम मोदी ने कहा कि नाना पाटेकर में गजब की तीव्रता, अलग व्यक्तित्व और अपनी खास उपस्थिति थी। उन्होंने अपने हर किरदार में रचनात्मकता और विविधता दिखाई और उनके निभाए किरदार आने वाली पीढ़ियों तक याद किए जाएंगे।

अक्षय कुमार ने कहा- एक युग का अंत

अभिनेता अक्षय कुमार ने भी नाना पाटेकर के निधन पर दुख जताया। दोनों कलाकारों ने 'वेलकम' और 'हाउसफुल 5' जैसी फिल्मों में साथ काम किया था। अक्षय कुमार ने नाना के अभिनय की विशिष्ट शैली और उनकी प्रतिभा को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी।

रितेश देशमुख हुए भावुक

अभिनेता रितेश देशमुख ने नाना पाटेकर के निधन पर भावुक प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि उनके निधन की खबर से वे स्तब्ध हैं। रितेश ने नाना को बेहतरीन अभिनेता बताते हुए कहा कि वे हर तरह के किरदार को अपनी खास शैली में निभाने की क्षमता रखते थे।

रितेश ने नाना के साथ 'ब्लफमास्टर' और 'हाउसफुल 5' में काम करने की याद भी साझा की और कहा कि उनके साथ मराठी फिल्म में काम करने की उनकी इच्छा अधूरी रह गई।

जूनियर एनटीआर ने भी जताया दुख

साउथ के अभिनेता जूनियर एनटीआर ने नाना पाटेकर को भारतीय सिनेमा के बेहतरीन अभिनेताओं में से एक बताया। उन्होंने कहा कि नाना के हर किरदार में एक अलग तरह की ईमानदारी और तीव्रता दिखाई देती थी। उनके अभिनय को आने वाली पीढ़ियां याद रखेंगी।

देवेंद्र फडणवीस ने सामाजिक कार्यों को किया याद

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी नाना पाटेकर के निधन पर शोक व्यक्त किया। उन्होंने अभिनेता के फिल्मी योगदान के साथ उनके सामाजिक कार्यों को भी याद किया। नाना पाटेकर 'नाम फाउंडेशन' के जरिए किसानों और ग्रामीण समुदायों के लिए किए गए कार्यों के लिए भी जाने जाते थे।

 

नितिन गडकरी — नाना के साथ अपने करीबी और मैत्रीपूर्ण संबंधों को याद किया तथा उनके सामाजिक कार्यों का उल्लेख किया।

सुवेंदु अधिकारी — नाना को भारतीय सिनेमा की बेहद प्रभावशाली आवाज बताते हुए श्रद्धांजलि दी।

डी.के. शिवकुमार — उनके अभिनय और किसानों के प्रति संवेदनशीलता को याद किया।

शरद पवार — नाना को असाधारण और संवेदनशील कलाकार बताते हुए श्रद्धांजलि दी।

सुनेत्रा पवार — उन्हें अभिनय का युगपुरुष बताते हुए श्रद्धांजलि दी।

शिखर धवन और अजिंक्य रहाणे — क्रिकेट जगत की ओर से भी नाना पाटेकर के निधन पर दुख जताया गया।

 

करीब पांच दशक का रहा शानदार फिल्मी सफर

नाना पाटेकर का जन्म 1 जनवरी 1951 को महाराष्ट्र में हुआ था। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत मराठी थिएटर से की और 1978 में फिल्म 'गमन' से सिनेमा में कदम रखा। इसके बाद उन्होंने हिंदी और मराठी फिल्मों में अपनी अलग पहचान बनाई।

'परिंदा', 'क्रांतिवीर', 'प्रहार', 'अब तक छप्पन', 'नटसम्राट', 'वेलकम' और 'राजनीति' जैसी फिल्मों में उनके अभिनय को खूब सराहा गया। गंभीर भूमिकाओं से लेकर कॉमेडी तक, नाना पाटेकर ने अलग-अलग तरह के किरदार निभाए।

उन्हें तीन राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों सहित कई प्रतिष्ठित सम्मान मिले। साल 2013 में उन्हें पद्म श्री से भी सम्मानित किया गया था।

अभिनय के साथ समाजसेवा में भी रहे सक्रिय

नाना पाटेकर की पहचान सिर्फ एक अभिनेता के तौर पर नहीं थी। वे किसानों और ग्रामीण समुदायों से जुड़े सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय रहे। 'नाम फाउंडेशन' के जरिए उन्होंने किसानों और सूखा प्रभावित क्षेत्रों के लिए काम किया।

नाना पाटेकर के निधन से भारतीय सिनेमा ने एक ऐसे कलाकार को खो दिया है, जिसकी दमदार आवाज, संवाद अदायगी और अभिनय की अलग शैली ने दशकों तक दर्शकों पर प्रभाव छोड़ा। उनका फिल्मी योगदान लंबे समय तक याद किया जाएगा।