अतिक्रमण पर 15 दिन में कार्रवाई के निर्देश चारागाह भूमि पर अतिक्रमण के खिलाफ सख्ती, पुनर्वास के बिना नहीं हटाए जाएंगे घुमंतू परिवार: मदन दिलावर
Tuesday, 04 Aug 2026 00:00 am

Golden Hind News

चारागाह भूमि पर अतिक्रमण के खिलाफ सख्त कार्रवाई, पुनर्वास से पहले नहीं हटाए जाएंगे घुमंतू परिवार: मदन दिलावर

पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर ने सोमवार को शासन सचिवालय स्थित पंचायती राज विभाग के सभागार में विभागीय कार्यों की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए। बैठक में पंचायती राज राज्य मंत्री ओटाराम देवासी भी मौजूद रहे। बैठक के दौरान चारागाह भूमि पर अतिक्रमण, घुमंतू परिवारों के पुनर्वास, ग्राम पंचायत सुरक्षा गार्डों के भुगतान और लंबित प्रकरणों के निस्तारण सहित विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।

मंत्री मदन दिलावर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सरकारी और चारागाह भूमि पर अवैध कब्जों के खिलाफ प्रभावी और सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक उपयोग की भूमि को अतिक्रमण मुक्त रखना सरकार की प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

चारागाह भूमि से 15 दिन में हटाएं अतिक्रमण

पंचायती राज मंत्री ने कहा कि चारागाह भूमि पर अतिक्रमण करने वालों को पहले नियमानुसार नोटिस जारी किए जाएं और उन्हें 15 दिन के भीतर स्वयं अतिक्रमण हटाने का अवसर दिया जाए। यदि निर्धारित अवधि में कब्जा नहीं हटाया जाता है तो संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ नियमानुसार एफआईआर दर्ज कराते हुए अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जाए।

उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई केवल कागजों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि उसका प्रभाव जमीन पर दिखाई देना चाहिए। उन्होंने कहा कि जो अधिकारी समय पर अतिक्रमणकारियों के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई नहीं करेंगे, उनके विरुद्ध भी नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई प्रस्तावित की जाएगी।

अतिक्रमण कार्रवाई को सार्वजनिक करने के निर्देश

मंत्री दिलावर ने कहा कि सरकारी भूमि को सुरक्षित रखने के लिए आमजन में जागरूकता बढ़ाना भी जरूरी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अतिक्रमण हटाने की गई कार्रवाई को प्रभावी तरीके से सार्वजनिक किया जाए।

उन्होंने कहा कि अतिक्रमणकारियों के नाम, कार्रवाई का विवरण, फोटो और अन्य आवश्यक जानकारी स्थानीय समाचार पत्रों तथा अन्य मीडिया माध्यमों के जरिए सार्वजनिक की जाए, ताकि लोगों में सरकारी भूमि पर अवैध कब्जों के खिलाफ स्पष्ट संदेश जाए।

पुनर्वास के बिना नहीं हटाए जाएं घुमंतू परिवार

बैठक में मंत्री मदन दिलावर ने घुमंतू समुदाय के परिवारों से जुड़े मामलों पर संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसे परिवारों के साथ मानवीय व्यवहार किया जाना चाहिए और उन्हें हटाने से पहले उचित पुनर्वास व्यवस्था सुनिश्चित की जानी चाहिए।

उन्होंने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय भी विभिन्न मामलों में प्रभावित परिवारों के पुनर्वास को महत्वपूर्ण मान चुका है। इसलिए घुमंतू समुदाय के परिवारों को बिना वैकल्पिक व्यवस्था किए हटाने की कार्रवाई नहीं की जानी चाहिए।

मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि ऐसे मामलों का समाधान संवेदनशीलता और नियमानुसार किया जाए। जहां आवश्यक हो, वहां संबंधित विभागों के समन्वय से पुनर्वास की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए ताकि प्रभावित परिवारों को परेशानी का सामना नहीं करना पड़े।

ग्राम पंचायत सुरक्षा गार्डों के भुगतान जल्द करें

समीक्षा बैठक में ग्राम पंचायतों में कार्यरत सुरक्षा गार्डों के लंबित भुगतान का मुद्दा भी उठाया गया। मंत्री दिलावर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सुरक्षा गार्डों का लंबित पारिश्रमिक प्राथमिकता के आधार पर जल्द से जल्द जारी किया जाए।

उन्होंने कहा कि कर्मचारियों को समय पर भुगतान मिलना उनका अधिकार है और इसमें अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने निर्देश दिए कि भुगतान में लापरवाही बरतने वाले या संविदा शर्तों का पालन नहीं करने वाले ठेकेदारों और एजेंसियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए।

मंत्री ने कहा कि कर्मचारियों के हितों की अनदेखी किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जिम्मेदार संस्थाओं की जवाबदेही तय की जाएगी।

लंबित प्रकरणों का समयबद्ध निस्तारण करें

बैठक के दौरान मंत्री कार्यालय से प्राप्त विभिन्न लंबित प्रकरणों की भी समीक्षा की गई। इसमें एक वर्ष से अधिक समय से लंबित मामले, छह से बारह माह पुराने प्रकरण, तीन से पांच माह, एक से तीन माह तथा एक माह तक लंबित मामलों की श्रेणीवार समीक्षा की गई।

मंत्री दिलावर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी लंबित प्रकरणों का प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण किया जाए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए नियमानुसार समय सीमा में समाधान किया जाना चाहिए।

उन्होंने अधिकारियों से कहा कि लंबित मामलों की नियमित मॉनिटरिंग की जाए ताकि भविष्य में अनावश्यक देरी की स्थिति उत्पन्न न हो। जनता से जुड़े मामलों में संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।

पंचायती राज व्यवस्था को मजबूत करने पर जोर

मंत्री ने कहा कि पंचायती राज संस्थाएं ग्रामीण विकास की महत्वपूर्ण कड़ी हैं। ग्राम पंचायत स्तर पर बेहतर प्रशासन, पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता है।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजनाओं और सरकारी निर्णयों का लाभ ग्रामीण क्षेत्रों तक प्रभावी रूप से पहुंचे। इसके लिए फील्ड स्तर पर नियमित निगरानी, अधिकारियों के बीच बेहतर समन्वय और समयबद्ध कार्रवाई आवश्यक है।

बैठक में पंचायती राज विभाग के शासन सचिव एवं आयुक्त डॉ. जोगाराम सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने विभागीय योजनाओं और लंबित कार्यों की प्रगति से मंत्री को अवगत कराया।

मंत्री मदन दिलावर ने बैठक के अंत में अधिकारियों को निर्देश दिए कि सरकार की नीतियों और जनहित से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता के साथ पूरा किया जाए, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में आमजन को बेहतर सेवाएं और सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।