
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अधिकारियों से जनसेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए पूरी प्रतिबद्धता और तत्परता के साथ कार्य करने का आह्वान किया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के समग्र और संतुलित विकास के लिए लगातार कार्य कर रही है तथा बिजली, पानी, सड़क, शिक्षा और चिकित्सा जैसी बुनियादी सुविधाओं को मजबूत बनाने की दिशा में व्यापक प्रयास किए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री बुधवार को मुख्यमंत्री कार्यालय में आयोजित एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। बैठक में विभिन्न विभागों की प्रमुख योजनाओं और विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई तथा अधिकारियों को समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने शहरी क्षेत्रों में स्वच्छता व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने पर विशेष बल दिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शहरों में नियमित सफाई व्यवस्था सुनिश्चित की जाए तथा आधुनिक सफाई उपकरणों का प्रभावी उपयोग किया जाए।
उन्होंने कहा कि नागरिकों को स्वच्छ और बेहतर वातावरण उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। इसके लिए नगर निकायों को सभी आवश्यक संसाधनों के साथ सक्रिय रूप से कार्य करना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने शहरों में पर्याप्त और गुणवत्तापूर्ण स्ट्रीट लाइट व्यवस्था सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बेहतर प्रकाश व्यवस्था से नागरिकों की सुविधा बढ़ेगी और सुरक्षा व्यवस्था भी मजबूत होगी।
इसके अलावा उन्होंने अमृत 2.0 योजना के अंतर्गत चल रहे विकास कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने पर जोर दिया।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सड़क निर्माण, सड़क उन्नयन और सार्वजनिक स्थलों के सौंदर्यीकरण को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बेहतर सड़क नेटवर्क आर्थिक विकास के साथ-साथ आम नागरिकों की सुविधा के लिए भी आवश्यक है।
उन्होंने सार्वजनिक स्थलों, प्रमुख मार्गों और शहरी क्षेत्रों को अधिक आकर्षक एवं व्यवस्थित बनाने के लिए सौंदर्यीकरण परियोजनाओं में तेजी लाने को कहा।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता किए बिना निर्धारित समय सीमा में सभी विकास कार्य पूरे करने के निर्देश भी दिए।
बैठक में मुख्यमंत्री ने ग्रामीण क्षेत्रों के विकास से जुड़ी विभिन्न योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने कहा कि ग्रामीण विकास राज्य सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है और गांवों में आधारभूत सुविधाओं का विस्तार लगातार किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि वीबी जी रामजी ग्रामीण क्षेत्रों के सर्वांगीण विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण और क्रांतिकारी पहल है। अधिकारियों को इसके विस्तार और प्रभावी क्रियान्वयन के लिए तेज गति से कार्य करने के निर्देश दिए गए।
मुख्यमंत्री ने बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण), डांग विकास कार्यक्रम, ब्रज क्षेत्रीय विकास योजना, अटल ज्ञान केंद्र तथा पीएम कुसुम योजना सहित विभिन्न प्रमुख योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि सभी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक समय पर पहुंचे और किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग और बेहतर समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विकास योजनाओं का वास्तविक उद्देश्य आम नागरिकों के जीवन स्तर में सुधार लाना है। इसलिए योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष ध्यान दिया जाए।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अधिकारियों को विभागों में रिक्त पदों को शीघ्र भरने की दिशा में आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि यदि विभागों में पर्याप्त मानव संसाधन उपलब्ध होंगे तो जनकल्याणकारी योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन संभव होगा और आम जनता से जुड़े कार्यों में अनावश्यक विलंब नहीं होगा।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने के लिए आवश्यक पदों पर समय रहते नियुक्तियां सुनिश्चित की जाएं।
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार ईमानदार और उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों को प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
साथ ही उन्होंने दोहराया कि अकर्मण्यता और भ्रष्टाचार के मामलों में सरकार की नीति पूरी तरह जीरो टॉलरेंस की है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसी भी स्तर पर भ्रष्टाचार या लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जनहित से जुड़े कार्यों में पारदर्शिता, जवाबदेही और समयबद्धता सुनिश्चित करना प्रत्येक अधिकारी की जिम्मेदारी है।
मुख्यमंत्री ने बैठक में उपस्थित अधिकारियों से कहा कि शासन की सभी योजनाओं और निर्णयों का केंद्र बिंदु आम नागरिक होना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करते हुए जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने को कहा।
उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल योजनाएं बनाना नहीं बल्कि उन्हें प्रभावी रूप से धरातल पर उतारना है, ताकि प्रदेश के प्रत्येक नागरिक को विकास का लाभ मिल सके।
उच्च स्तरीय बैठक में मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास, अतिरिक्त मुख्य सचिव (मुख्यमंत्री) अखिल अरोड़ा सहित पंचायती राज, स्वायत्त शासन, नगरीय विकास एवं आवासन, ऊर्जा, सार्वजनिक निर्माण, वित्त तथा ग्रामीण विकास विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया।
बैठक में विभिन्न विभागों की प्रगति रिपोर्ट पर विस्तार से चर्चा की गई और विकास कार्यों में तेजी लाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। मुख्यमंत्री ने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समयबद्ध तरीके से आमजन तक पहुंचाने पर विशेष जोर दिया।