
बागीदौरा विधानसभा सीट से भारत आदिवासी पार्टी (BAP) के विधायक जयकृष्ण पटेल की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं. शिक्षक भर्ती में कथित रूप से फर्जी बीए डिग्री लगाकर सरकारी नौकरी प्राप्त करने के आरोप में स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने उनके खिलाफ धोखाधड़ी और कूटरचित दस्तावेज तैयार करने का मामला दर्ज किया है. मामले में कई राज्यों की डिग्रियों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं. पटेल ने शिक्षक भर्ती के दौरान अधिक अंकों वाली दूसरी डिग्री का उपयोग कर सरकारी शिक्षक की नौकरी हासिल की थी.
राजस्थान, गुजरात और सिक्किम से बीए की डिग्रियां प्राप्त की थीं
एसओजी के अतिरिक्त महानिदेशक विशाल बंसल ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पटेल ने एक ही शैक्षणिक सत्र के दौरान राजस्थान, गुजरात और सिक्किम से बीए की डिग्रियां प्राप्त की थीं, जो नियमों के खिलाफ है. जांच में सामने आया कि जयकृष्ण पटेल ने वर्ष 2007 से 2010 के बीच उदयपुर स्थित मोहनलाल सुखाड़िया विश्वविद्यालय में नियमित छात्र के रूप में बीए में प्रवेश लिया था. इसके बाद द्वितीय वर्ष में वे अंग्रेजी विषय में अनुत्तीर्ण हो गए थे. इसी दौरान उन्होंने सिक्किम की ईआईआईएलएम यूनिवर्सिटी से 73.85 प्रतिशत अंकों के साथ बीए की डिग्री प्राप्त की. इसके बाद वर्ष 2012 में गुजरात की कालोरेक्स टीचर्स यूनिवर्सिटी से भी बीए की एक अन्य डिग्री हासिल करने का दावा किया गया.